Home जीवन शैली “सर्दियों में “मेथी दानों” का भरपूर लाभ उठाएँ “| स्वास्थ्य हेतु बेहद हितकारी |

“सर्दियों में “मेथी दानों” का भरपूर लाभ उठाएँ “| स्वास्थ्य हेतु बेहद हितकारी |

6 second read
0
0
980

सर्दियों  में  उठायें  मेथी  दानों  से  भरपूर  लाभ  |
 मेथीदाना  उष्ण  वात  व  कफनाशक  पित्तवर्धक  पाचनशक्ति  व  बलवर्धक  एवं  ह्रदय  के  लिए  हितकर  है !  यह  पुष्टिकारक  शक्ति स्फूर्तिदायक  टॉनिक  की  तरह  कार्य  करता  है !  सुबह–शाम  इसे  पानी  के  साथ  निगलने  से  पेट  को  निरोग  बनाता  है  ! कब्ज  व     गैस  को  दूर  करता  है ! इसकी  मूँग  के  साथ  सब्जी  बनाकर  भी  खा  सकते  हैं ! यह  मधुमेह  के  रोगियों  के  लिए  खूब  लाभदायी  है !

 अपनी  आयु  के  जितने  वर्ष  व्यतीत  हो  चुके  हैं ! उतनी  संख्या  में  मेथीदाने  रोज  धीरे–धीरे  चबाना  या  चूसने  से  वृद्धावस्था  में  पैदा होने  वाली  व्याधियों  जैसे  घुटनों  व  जोड़ों  का  दर्द  भूख  न  लगना  हाथों  का  सुन्न  पड़  जाना  सायटिका  मांसपेशियों  का  खिंचाव  बार -बार  मूत्र  आना ,  चक्कर  आना  आदि  में  लाभ  होता  है ! गर्भवती  व  स्तनपान  कराने  वाली  महिलाओं  को  भुने  मेथी  दानों  का  चूर्ण आटे  के  साथ  मिला  के  लड्डू  बना  के  खाना  लाभकारी  है !
मेथी  दाने  से  शक्तिवर्धक  पेय
दो  चम्मच  मेथीदाने  एक  गिलास  पानी  में  ४ – ५  घंटे  भिगोकर  रखें  फिर  इतना  उबालें  कि  पानी  चौथाई  रह  जाय  इसे  छानकर  २ चम्मच  शहद  मिला  के  पियें !
औषधीय  प्रयोग

1.  कब्ज : २०  ग्राम  मेथीदाने  को  २०० ग्राम  ताजे  पानी  में  भिगो  दें. ५-६  घंटे  बाद  मसल  के  पीने  से  मल  साफ़  आने  लगता  है  !  भूख  अच्छी  लगने  लगती  है   और  पाचन  भी  ठीक  होने  लगता  है !

2. जोड़ों  का  दर्द  : १००  ग्राम  मेथीदाने  अधकच्चे  भून  के  दरदरा  कूट  लें ! इसमें  २५  ग्राम  काला  नमक  मिलाकर  रख  लें !- २  चम्मच यह  मिश्रण  सुबह-शाम  गुनगुने  पानी  से  फाँकने  से  जोड़ों  कमर  व  घुटनों  का  दर्द  आमवात  ( गठिया )  का  दर्द  आदि  में  लाभ  होता  है !  इससे  पेट  में  गैस  भी  नहीं  बनेगी !

3.  पेट  के  रोगों  में : १ से ३  ग्राम  मेथी  दानों  का  चूर्ण  सुबह  दोपहर  व  शाम  को  पानी  के  साथ  लेने  से  अपच  दस्त  भूख  न  लगना अफरा  दर्द  आदि  तकलीफों  में  बहुत  लाभ  होता  है  !

4. दुर्बलता  : १  चम्मच  मेथीदानों  को  घी  में  भून  के  सुबह – शाम  लेने  से  रोगजन्य  शारीरिक  एवं  तंत्रिका  दुर्बलता  दूर  होती  है !

5. मासिक  धर्म  में  रुकावट  : ४  चम्मच  मेथीदाने  १  गिलास  पानी  में  उबालें !  आधा  पानी  रह  जाने  पर  छानकर  गर्म–गर्म  ही  लेने   से  मासिक  धर्म  खुल  के  होने  लगता  है  !

6.  अंगों  की  जकड़न  : भुनी  मेथी  के  आटे  में  गुड़  की  चाशनी  मिला  के  लड्डू  बना  लें -१–१  लड्डू  रोज  सुबह  खाने  से  वायु  के  कारण जकड़े  हुए   अंग  १  सप्ताह  में  ठीक  हो  जाते  हैं  तथा  हाथ–पैरों  में  होने  वाला  दर्द  भी  दूर  होता  है !

7.  विशेष  :  सर्दियों  में  मेथीपाक  मेथी  के  लड्डू  मेथीदानों  व  मूँग–दाल  की  सब्जी  आदि  के  रूप  में  इसका  सेवन  खूब  लाभदायी  हैं !
IMPORTANT
HEART ATTACK   और  गर्म  पानी  पीना !

यह  भोजन  के  बाद  गर्म  पानी  पीने  के  बारे  में  ही  नहीं  Heart  Attack  के  बारे  में  भी  एक  अच्छा  लेख  है ! 

चीनी  और  जापानी  अपने  भोजन  के  बाद  गर्म  चाय  पीते  हैं ! ठंडा  पानी  नहीं !  अब  हमें  भी  उनकी  यह  आदत  अपना  लेनी  चाहिए !जो  लोग  भोजन  के  बाद  ठंडा  पानी  पीना  पसन्द  करते  हैं  ! यह  लेख  उनके  लिए  ही  है  !

भोजन  के  साथ  कोई  ठंडा  पेय  या  पानी  पीना  बहुत  हानिकारक  है ! क्योंकि  ठंडा  पानी  आपके  भोजन  के  तैलीय  पदार्थों  को  जो आपने  अभी अभी  खाये  हैं  !  ठोस   रूप  में  बदल  देता  है !

इससे  पाचन  बहुत  धीमा  हो  जाता  है  !  जब  यह  अम्ल  के  साथ  क्रिया  करता  है !  तो  यह  टूट  जाता  है  !  और  जल्दी  ही  यह  ठोस भोजन  से  भी  अधिक  तेज़ी  से  आँतों  द्वारा  सोख  लिया  जाता  है ! यह  आँतों  में  एकत्र  हो  जाता  है ! फिर  जल्दी  ही  यह  चरबी  में   बदल  जाता  है ! और  कैंसर  के  पैदा  होने  का  कारण  बनता  है  !

इसलिए  सबसे  अच्छा  यह  है ! कि  भोजन  के  बाद  गर्म  सूप  या  गुनगुना  पानी  पिया  जाये ! एक  गिलास  गुनगुना  पानी  सोने  से  ठीक पहले  पीना  चाहिए !  इससे  खून  के  थक्के  नहीं  बनेंगे  और  आप  हृदयाघात  से  बचे  रहेंगे !💐💐अपने  वेद  जी  की  सलाह  जरूर  ले💐 डॉक्टर  से  भी  पूछे💐 💐

Load More Related Articles
Load More By Tarachand Kansal
Load More In जीवन शैली

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

[1] जरा सोचोकुछ ही ‘प्राणी’ हैं जो सबका ‘ख्याल’ करके चलते हैं,अनेक…